दैनिक भास्कर हिंदी: शीना बोरा हत्याकांड : फिर खारिज हुआ इंद्राणी मुखर्जी का जमानत आवेदन 

August 6th, 2020

डिजिटल डेस्क, मुंबई। सीबीआई की विशेष अदालत ने शीना बोरा हत्याकांड मामले की आरोपी इंद्राणी मुखर्जी के जमानत आवेदन को खारिज कर दिया है। अदालत ने कहा कि जमानत मिलने के बाद आरोपी (इंद्राणी) गवाहों को प्रभावित कर सकती हैं। इस संभावना से इंकार नहीं किया जा सकता हैं। जमानत आवेदन में इंद्राणी ने खुद के खिलाफ दर्ज किए गए मामले को झूठा व आधारहीन बताया था। इंद्राणी ने कहा था कि उसके पास 120 दस्तावेज हैं। जो मामले को गलत साबित करते हैं। फिलहाल ऐसा कोई वैज्ञानिक सबूत नहीं है जो यह दर्शाए की अपराध घटित हुआ है। प्रकरण को लेकर की गई जांच की विश्वसनीयता व प्रमाणिकता पर भी उन्होंने सवाल उठाया था। इसके अलावा इंद्राणी ने दावा किया था कि गवाहो के बयान में काफी विरोधाभास है। इसलिए उसे जमानत प्रदान की जाए। 
 
मामले से जुड़े दोनों पक्षों को सुनने के बाद न्यायाधीश जे सी जगदाले ने कहा कि मुकदमे की आधी सुनवाई हो चुकी है। इसलिए मैं गवाहों के बारे में कोई निष्कर्ष नहीं व्यक्त कर सकता। मेरी अपेक्षा है कि आरोपी के वकील मुकदमे की सुनवाई में सहयोग प्रदान करे। न्यायधीश ने सरकारी गवाह के बयान पर भी कुछ नहीं कहा। न्यायाधीश ने कहा कि आरोपी जमानत मिलने के बाद गवाहों को प्रभावित कर सकती हैं। इस संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता है। अभी मामले के महत्वपूर्ण गवाह राहुल (आरोपी पीटर का बेटा) व विधि (आरोपी संजीव खन्ना की बेटी)  की गवाही होनी बाकी है। इसके मद्देनजर न्यायाधीश ने इंद्राणी के जमानत आवेदन को खारिज कर दिया। इससे पहले कई बार इंद्रणी के जमानत आवेदन को खारिज किया जा चुका है। 

गौरतलब है कि साल 2012 में शीना बोरा की गला घोटकर हत्या की गई थी, बाद में उसके शव को रायगढ़ के जंगल में फेंक दिया गया था। इस मामले में साल 2015 में इंद्राणी को गिरफ्तार किया गया था। तब से वह जेल में हैं। इस मामले में पूर्व मीडिया दिग्गज पीटर मुखर्जी व  इंद्राणी के पूर्व पति संजीव खन्ना भी आरोपी हैं।