दैनिक भास्कर हिंदी: 26/11 मुंबई अटैक: अमेरिका ने आतंकियों पर ईनाम बढ़ाकर किया 35 करोड़

November 26th, 2018

हाईलाइट

  • आज भी खुले घूम रहे मुंबई हमले के आरोपी
  • मुंबई हमले के आरोपियों पर बढ़ाया ईनाम
  • हाफिज सईद, जकीउर्रहमान लखवी पर 35 करोड़ का ईनाम

डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। मुंबई में दस साल पहले आज के ही दिन आतंकियों ने कहर ढाया था। 10 साल बीतने के बाद भी हमले के मास्टरमाइंड हाफिज सईद और जकीऊर्रहमान लखनी पाकिस्तान में खुलेआम घूम रहे हैं। हमले की 10वीं बरसी पर अमेरिका से एक बड़ा बयान सामने आया है। अमेरिकी विदेश मंत्री माइक पोम्पियो ने कहा कि हमले के दोषियों का अब तक न पकड़ा जाना उन लोगों का अपमान है, जिन्होंने इस हमले में अपनों को खो दिया था। ये सभी देशों के साथ-साथ पाकिस्तान की भी जिम्मेदारी है कि संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद प्रस्ताव के तहत दोषियों को सजा दिलवाए। मुंबई हमले के गुनहगारों पर अमेरिका ने ईनाम भी बढ़ा दिया है। पोम्पियो ने ऐलान किया है कि हाफिज सईद और जकीउर्रहमान लखवी को पकड़वाने पर 50 लाख डॉलर यानी 35 करोड़ रुपए का ईनाम दिया जाएगा।

 

 

 

ऐसे दहलाया था मुंबई को
26 नवंबर 2008 को रात 8 बजे, समंदर से एक नाव होटल ताज के नजदीक आकर रुकी। 19-20 साल के 10 लड़के इस नाव से उतरे। ये दस आतंकी थे जो देश के महानगर मुंबई में आतंक मचाने आए थे। ये 10 आतंकी जोड़ियों और तिकड़ियों में बंट गए। गुटों में बटकर आतंकियों ने यहूदी गेस्ट-हाउस, नरीमन हाउस, सीएसटी, होटल ताजमहल, होटल ट्राईडेंट ओबरॉय और कामा अस्पताल में घुसकर दहशतगर्दी फैलाना शुरू कर दिया। आतंकियों ने बम विस्फोट के साथ-साथ लोगों पर अंधाधुंध गोलियां बरसाई। आतंकी जिस भी बिल्डिंग में दाखिल हुए वहां लाशें बिछा दी। आतंकियों ने ना तो बच्चों को छोड़ा ना बुजुर्गों को। जो सामने आया उस पर फायर कर दिया। होटेल ताज में कई विदेशी मेहमानों को बंधक बनाए रखा और कई घंटों तक होटेल से केवल फायरिंग की आवाजें सुनाई देती रहीं।

 

राष्ट्रपति ने किया शहीदों को याद