दैनिक भास्कर हिंदी: भाजपा ने तेलंगाना के मुख्यमंत्री से कहा, जानकारी है तो कार्रवाई करें

November 26th, 2020

हाईलाइट

  • भाजपा ने तेलंगाना के मुख्यमंत्री से कहा, जानकारी है तो कार्रवाई करें

हैदराबाद, 26 नवंबर (आईएएनएस)। भाजपा की तेलंगाना इकाई के अध्यक्ष बंदी संजय कुमार ने गुरुवार को मुख्यमंत्री के. चंद्रशेखर राव पर निशाना साधते हुए कहा कि अगर उन्हें कुछ लोगों के बारे में जानकारी है कि वे सांप्रदायिक झड़पों की साजिश रच रहे हैं तो उन्हें इंतजार नहीं करना चाहिए, बल्कि उनके खिलाफ कार्रवाई करनी चाहिए।

उन्होंने आरोप लगाया कि एक बयान जारी कर, मुख्यमंत्री एक ऐसी स्थिति बनाकर ग्रेटर हैदराबाद नगर निगम (जीएचएमसी) में चुनाव रोकने की कोशिश कर रहे हैं, जहां लोग स्वतंत्र और निष्पक्ष तरीके से अपना वोट न डाल सकें।

संजय, जो करीमनगर से सांसद भी हैं, उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री ऐसे बयान दे रहे हैं, क्योंकि सत्तारूढ़ तेलंगाना राष्ट्र समिति (टीआरएस) चुनाव हारने से डर रही है।

वह पुलिस को सख्ती से निपटने के लिए मुख्यमंत्री के निर्देश पर प्रतिक्रिया दे रहे थे, जिसमें कहा गया था कि कुछ अराजक ताकतें जीएचएमसी चुनावों में राजनीतिक लाभ प्राप्त करने के लिए सांप्रदायिक तनाव और झड़प की साजिश रच रही हैं।

भाजपा नेता ने कहा कि मुख्यमंत्री का बयान खुद कानून एवं व्यवस्था की समस्या पैदा कर सकता है। उन्होंने कहा कि भाजपा जीएचएमसी चुनाव जीत रही है और टीआरएस हार रही है, इसलिए मुख्यमंत्री इस तरह की बातें कह रहे हैं।

उन्होंने कहा कि जब मुख्यमंत्री के पास निश्चित जानकारी उपलब्ध है तो वे कार्रवाई करने में क्यों असफल रहे।

उन्होंने पूछा, अगर आपके पास निश्चित जानकारी है, तो क्या आप इसे मीडिया को बताएंगे या कार्रवाई करेंगे।

उन्होंने मांग करते हुए कहा कि आरोपियों के खिलाफ मामले दर्ज करें, चाहे वे किसी भी पार्टी के हों, उन्हें गिरफ्तार किया जाए, ताकि चुनाव शांतिपूर्ण माहौल में हो सके।

संजय ने कहा कि डूबक विधानसभा सीट पर होने वाले उपचुनाव से पहले इसी तरह का दावा किया गया था, लेकिन लोगों ने टीआरएस को करारा जवाब दिया। उन्होंने दावा किया कि जीएचएमसी के चुनावों में भी ऐसा ही परिणाम होगा।

भाजपा नेता हुसैन सागर झील के तट पर पूर्व प्रधानमंत्री पी.वी. नरसिम्हा राव और आंध्र प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री एन.टी. रामाराव के घाटों के दौरे के बाद मीडिया से बात कर रहे थे।

एकेके/एसजीके