दैनिक भास्कर हिंदी: कांग्रेस ने धार्मिक स्थलों को खोलने के लिए मुख्यमंत्री को लिखा पत्र

May 23rd, 2020

हाईलाइट

  • कांग्रेस ने धार्मिक स्थलों को खोलने के लिए मुख्यमंत्री को लिखा पत्र

लखनऊ , 23 मई (आईएएनएस)। कोरोना संकट के चलते प्रदेश भर के बंद मठ मंदिर धार्मिक संस्थानों को खोलने के लिए कांग्रेस के महानगर अध्यक्ष मुकेश सिंह चौहान ने शनिवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को पत्र लिखा है।

पत्र में कहा गया है कि जिस तरह से आवश्यक वस्तुओं की दुकानें खोले जाने का आदेश केंद्र और राज्य सरकारों ने जारी किया है,उसी तरह अब देश के सभी छोटे-बड़े, मठ- मंदिरों, गिरजाघर, मस्जिद गुरूद्वारों को भी श्रद्घालुओं के लिए खोलने की अनुमति दी जानी चाहिए।

मुकेश चौहान ने अपने पत्र में लिखा है, भारत एक आस्था प्रधान देश है। सनातन परंपरा में लोगों का ऐसा विश्वास है कि आराधना से लोगों के कष्ट दूर होते हैं। लेकिन मंदिर बंद होने से लोग अपने आराध्य से प्रार्थना भी नहीं कर पा रहे हैं। लिहाजा प्रमुख धार्मिक स्थलों को सोशल डिस्टेंसिंग के साथ लॉंकडाउन का पूरा पालन करते हुए खोला जाए।

चौहान ने कहा कि प्रमुख धार्मिक स्थलों पर सरकारी कार्यालयों की भांति टनल सेनेटाइजर मशीन का उपयोग जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि जब लॉकडाउन का पालन करते हुए प्रदेश में शराब की दुकानों को खोला जा सकता है तो ठीक उसी प्रकार करोड़ों लोगों के आस्था के केन्द्र मंदिर, मस्जिद, गुरूद्वारे, गिरजाघर आदि को भी लाकडाउन का पूर्ण पालन करते हुए खोला जाना चाहिए।

ज्ञात हो कि अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष महंत नरेंद्र गिरी ने भी बीते दिनों प्रदेश भर के मठ मंदिर खोले जाने की मांग उठाई थी। उन्होंने योगी सरकार से सोशल डिस्टेंसिंग को ध्यान में रखते हुए सभी छोटे-बड़े मंदिरों के कपाट श्रद्घालुओं के लिए खोले जाने की मांग की है।

महंत नरेन्द्र गिरी ने कहा, लगभग पिछले दो महीने से मंदिरों के बंद होने की वजह से पुजारियों और अन्य कर्मचारियों की रोजी-रोटी पर भी असर पड़ रहा है। जब राजस्व के लिए सरकार शराब की दुकानें खोलने की अनुमति दे सकती है, तो दूसरी दुकानें और मंदिरों को भी खोलने की अनुमति दे देनी चाहिए। महंत नरेन्द्र गिरी ने भरोसा दिलाया कि मंदिर खोलने की अनुमति के बाद मठ-मंदिरों के प्रबंधक और पुजारी नियमों और प्रोटोकल का भी पालन करेंगे और श्रद्घालुओं से भी करवाएंगे।