दैनिक भास्कर हिंदी: ओडिशा-बंगाल के तटों से टकराने के बाद अब कमजोर हुआ 'बुलबुल'

November 10th, 2019

हाईलाइट

  • समुद्री तटों से टकराने के बाद चक्रवात 'बुलबुल' कमजोर
  • शाम 6 बजे ज्यादा कमजोर होने की संभावना
  • मौसम विभाग ने चक्रवात को ‘अति गंभीर’ से ‘गंभीर’ श्रेणी में रखा

डिजिटल डेस्क, कोलकाता। चक्रवाती तूफान 'बुलबुल' ओडिशा और पश्चिम बंगाल के तटों से टकराने के बाद अब कमजोर पड़ चुका है। मौसम विभाग के मुताबिक यह तूफान आज सुबह साढ़े 5 बजे बंगाल और बांग्लादेश के तटों पर केंद्रित रहा। साथ ही विभाग ने शाम 6 बजे तक इसके और ज्यादा कमजोर होने की भी संभावना जताई है। यह चक्रवात शनिवार की रात ओडिशा के भद्रक, पश्चिम बंगाल के सागर आइलैंड्स, और बांग्लादेश के खेपूपाड़ा में तट से टकराया। इस दौरान चक्रवात की रफ्तार करीब 110 से 165 किमी प्रतिघंटा तक रही।

 

वहीं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बेनर्जी से भी बात की। पीएम मोदी ने अपने ट्वीट में बताया कि उन्होंने पूर्वी भारत के भागों में आए चक्रवात 'बुलबुल' की स्थिति और भारी बारिश के मद्देनजर स्थिति की समीक्षा की। उन्होंने सीएम ममता को आश्वासन दिया है कि प्रदेश में चक्रवात से हुई क्षति के लिए केंद्र से हर संभव सहायता दी जाएगी। साथ ही पीएम मोदी ने अपने ट्वीट में कहा कि 'मैं सभी की सुरक्षा और कल्याण के लिए प्रार्थना करता हूं।'

 

मौसम विभाग ने पश्चिम बंगाल के दक्षिण 24 परगना जिले में 11 नवंबर तक भारी बारिश होने की आशंका जताई है। यहां तेज हवा से लोगों को बचाने के लिए प्रशासन की रेस्क्यू ऑपरेशन चलाए जा रहे हैं। वहीं करीब 200 लोगों ने शनिवार शाम कोलकाता पोर्ट ट्रस्ट के सागर पायलट स्टेशन पर शरण ली, जहां कमांडर, पायलट और कर्मचारियों ने तूफान से प्रभावित गांवों के ग्रामीणों को भोजन परोसा।