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दंतेवाड़ा में सुरक्षाबल और नक्सलियों में मुठभेड़, मारे गए 7 नक्सली

July 19th, 2018 20:14 IST

हाईलाइट

  • बीजापुर और दंतेवाड़ा जिले की सीमा पर पुलिस और सीआरपीएफ की संयुक्त कार्रवाई।
  • मुठभेड़ के बाद पुलिस ने भारी मात्रा में हथियार बरामद किए।
  • सुरक्षाबल की घेराबंदी के बाद नक्सलियों ने शुरू कर दी थी फायरिंग।

डिजिटल डेस्क, रायपुर। गुरुवार सुबह 6 बजे छत्तीसगढ़ के दंतेवाड़ा में सुरक्षाबलों ने 7 नक्सलियों को मार गिराया है, जिसमें 3 महिलाएं और 4 पुरुष नक्सली हैं। मुठभेड़ के बाद पुलिस ने भारी मात्रा में हथियार बरामद किए हैं। पुलिस और सीआरपीएफ ने संयुक्त रूप से बीजापुर और दंतेवाड़ा जिले की सीमा पर कार्रवाई को अंजाम दिया है। दंतेवाड़ा के एएसपी (नक्सल ऑपरेशन) जीएन बघेल ने बताया कि मुठभेड़ दंतेवाड़ा में तिमेनार की पहाड़ियों के पीछे गंगालूर थाना क्षेत्र में एसटीएफ और सीआरपीएफ ने संयुक्त कार्रवाई की है।

आधुनिक हथियार बरामद
मारे गए नक्सलियों के पास से दो थ्री नॉट थ्री राइफल, INSAS राइफल, एक 12 बोर राइफल के साथ ही कुछ और आधुनिक हथियार मिले हैं। सुरक्षाबलों को इस इलाके में एक दर्जन नक्सलियों के छिपे होने की सूचना मिली थी। जानकारी मिलते ही एसटीएफ और सीआरपीएफ की टीमें सुबह 6 बजे मौके पर पहुंची और इलाके की घेराबंदी कर ली।
 

नक्सलियों ने पहले शुरू की गोलीबारी
सुरक्षाबल के जवानों के कुछ करने से पहले ही नक्सलियों ने गोलीबारी शुरू कर दी। पहले से नक्सलियों को घेर चुके जवानों ने 3 महिलाओं सहित सभी 7 नक्सलियों को मार गिराया। इससे पहले बुधवार को छत्तीसगढ़-महाराष्ट्र बॉर्डर से सटे राजनांदगांव जिले के औंधी इलाके की कुंडाल पहाड़ियों में आईटीबीपी और पुलिस ने संयुक्त कार्रवाई कर औधी एलओएस की 5 लाख इनामी महिला नक्सली जरीना को मार गिराया था। पुलिस को टेंट का सामान भी मिला था।
 

बारिश में संगठन बढ़ाते हैं नक्सली
राजनांदगांव एएसपी (नक्सल) वाईपी सिंह ने बताया कि आमतौर पर बारिश के मौसम में नक्सली संगठन विस्तार और प्रशिक्षण के लिए जंगल से लगे गांवों में सक्रिय रहते हैं। पुलिस के अभियान के कारण इस बार नक्सली बैकफुट पर आ गए हैं। वे लगातार कमजोर होते जा रहे हैं।
 

नक्सलियों ने किया था सुरंग में विस्फोट
भारी बारिश के बीच 10 जुलाई को ग्राम मिनपा इलाके के थाना चिंतागुभा क्षेत्र में सुरक्षाबलों ने दो नक्सली मारे थे। मुठभेड़ में रिजर्व पुलिस बल का एक जवान गंभीर रूप से घायल हो गया था। मिनपा के जंगल के पास नक्सलियों ने बारूदी सुरंग में विस्फोट किया था।


 

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कोई भी प्रॉपर्टी खरीदने से पहले इस बात का ध्यान रखे कि वो भारतीय रियल एस्टेट इंडस्ट्री के रेगुलेटर RERA से अप्रूव्ड हो। रियल एस्टेट रेगुलेशन एंड डेवेलपमेंट एक्ट, 2016 (RERA) को भारतीय संसद ने पास किया था। RERA का मकसद प्रॉपर्टी खरीदारों के हितों की रक्षा करना और रियल एस्टेट सेक्टर में निवेश को बढ़ावा देना है। राज्य सभा ने RERA को 10 मार्च और लोकसभा ने 15 मार्च, 2016 को किया था। 1 मई, 2016 को यह लागू हो गया। 92 में से 59 सेक्शंस 1 मई, 2016 और बाकी 1 मई, 2017 को अस्तित्व में आए। 6 महीने के भीतर केंद्र व राज्य सरकारों को अपने नियमों को केंद्रीय कानून के तहत नोटिफाई करना था।