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महोबा के निलंबित एसपी पाटीदार की हाईकोर्ट ने खारिज की याचिका

November 02nd, 2020 15:01 IST
 महोबा के निलंबित एसपी पाटीदार की हाईकोर्ट ने खारिज की याचिका

हाईलाइट

  • महोबा के निलंबित एसपी पाटीदार की हाईकोर्ट ने खारिज की याचिका

प्रयागराज, 2 अक्टूबर (आईएएनएस)। इलाहाबाद हाईकोर्ट ने महोबा के निलंबित पुलिस अधीक्षक (एसपी) मणिलाल पाटीदार की एफआईआर रद्द कराने के साथ ही गिरफ्तारी पर रोक लगाने की मांग की याचिका को खारिज कर दिया है। वहीं कोर्ट ने पाटीदार को अग्रिम जमानत की अर्जी दाखिल करने की छूट दी है।

यह आदेश मुख्य न्यायमूर्ति गोविंद माथुर और न्यायमूर्ति सिद्घार्थ वर्मा की खंडपीठ ने मणिलाल पाटीदार की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता गोपाल चतुर्वेदी एवं इमरान उल्लाह और राज्य सरकार के अपर महाधिवक्ता मनीष गोयल व अपर शासकीय अधिवक्ता आशुतोष कुमार संड को सुनकर दिया है। कोर्ट ने निलंबित एसपी को मामले की विवेचना में सहयोग करने को कहा है।

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने भ्रष्टाचार के आरोपी महोबा के निलंबित एसपी मणिलाल पाटीदार की याचिका सोमवार को खारिज कर दी है, जिसमें उन्होंने गिरफ्तारी पर रोक लगाने तथा अपने विरुद्घ दर्ज एफआईआर को रद्द करने की मांग की थी। महोबा के प्रकरण में कोर्ट ने दर्ज प्राथमिकी पर हस्तक्षेप करने से इनकार करते हुए एसपी महोबा को विवेचना में सहयोग करने को कहा है।

गौरतलब है कि महोबा में खनन के एक ठेकेदार ने एसपी पर छह लाख रुपये रंगदारी मांगने का आरोप लगाते हुए शिकायत की थी। उसकी शिकायत पर कोई कार्रवाई नहीं हुई और एसपी की ओर से उसे परेशान किया जाने लगा। एक दिन ठेकेदार इंद्रमणि तिवारी की लाश कार में मिली। उसे गोली लगी थी। इसके बाद ठेकेदार की हत्या के आरोप में कोतवाली में 10 सितंबर 2020 को एफआईआर दर्ज करायी गयी। सरकार ने इस मामले की जांच एसआईटी को सौंपी है। इस प्रकरण की जांच में हत्या के बजाय आत्महत्या का केस पाया गया। इसके बाद भ्रष्टाचार के आरोप में एसपी को निलंबित कर दिया गया है। जिसके बाद एसपी ने आपराधिक मामले में गिरफ्तारी से बचने के लिए हाईकोर्ट की शरण ली, लेकिन कोर्ट ने हस्तक्षेप करने से इनकार कर दिया है।

विकेटी/एएनएम

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