दैनिक भास्कर हिंदी: मौसम विभाग: देश के लिए राहत की खबर, इस साल सामान्य रहेगा मानसून

April 15th, 2020

हाईलाइट

  • लंबी अवधि की बारिश का औसत शतप्रतिशत रहने का अनुमान

डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। कोरोना संकट के बीच देश और किसान दोनों के लिए अच्छी खबर है कि मानसून इस साल सामान्य रहेगा। जून से सितंबर माह के बीच बारिश के औसत के 100 फीसदी रहने की उम्मीद है। भारतीय मौसम विभाग ने बुधवार को मानसून के बारे में जानकारी देते हुए कहा, इस साल देश में सामान्य मानसून रहेगा। विभाग का पूर्वानुमान है कि, मानसून मौसम जून से सितंबर माह के बीच बारिश का औसत शत प्रतिशत रह सकता है।

मौसम विज्ञान विभाग ने पूवार्नुमान में कहा है कि, इस साल मानसून सामान्य रहने की उम्मीद है। कोरोनावायरस के कहर से जब देश के किसान और कारोबारी जगत तक सब जगह चिंता का माहौल है, ऐसे में मानसून के इस साल सामान्य रहने की खबर से सबको सुकून मिल सकता है।

पृथ्वी विज्ञान मंत्रालय में सचिव एम. राजीवन ने एक प्रेसवार्ता के दौरान कहा, आगामी मानसून सीजन में लंबी अवधि की बारिश का औसत शतप्रतिशत रहने का अनुमान है। भारत मौसम विज्ञान विभाग यानी आईएमडी के अनुसार, मानसून के दौरान 96 फीसदी से 104 फीसदी के बीच लंबी अवधि के औसत बारिश को सामान्य बारिश माना जाता है। यहां लंबी अवधि से मतलब पूरे मानसून सीजन से है जो जून से लेकर सितंबर तक रहता है।

अर्थव्यवस्था में भी मानसून का अहम योगदान
भारतीय अर्थव्यवस्था में मानसून का अहम योगदान रहता है। शेयर बाजार से लेकर उद्योग जगत पर मानसून का बड़ा असर पड़ता है। मानसून सीजन में अच्छी बारिश होती है तो शेयर बाजार और उद्योग जगत में उत्साह का माहौल होता है, जबकि मानसून की बारिश कम रहने की संभावना होती है तो अर्थव्यवस्था के सुस्ती की तरफ बढ़ने की संभावना बढ़ जाती है। एक अनुमान के मुताबिक, देश के होने वाली कुल बारिश का 70 फीसदी हिस्सा मानसून का होता है। वहीं सोयाबीन, कपास, दलहन, चावल जैसी फसलों की बुआई मानसून की बारिश पर निर्भर रहती है।