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अटल जी की अस्थि कलश यात्रा में मंत्रियों ने लगाए ठहाके, वीडियो वायरल

August 23rd, 2018 16:30 IST

हाईलाइट

  • शर्मनाक: अटल बिहारी वाजपेयी की अस्थि कलश यात्रा में ठहाके लगाते दिखे मंत्री।
  • रायपुर में कलश यात्रा के बाद श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया था।
  • मंच पर मंत्री बृजमोहन अग्रवाल और अजय चंद्राकर ठहाके लगाते नजर आए।
  • बीजेपी अध्यक्ष की फटकार के बाद मंत्रियों ने साधी चुप्पी।

डिजिटल डेस्क, रायपुर। पूर्व प्रधानमंत्री स्वर्गीय अटल बिहारी वाजपेयी की अस्थि कलश यात्रा के दौरान छत्तीसगढ़ के मंत्रियों की शर्मनाक हरकत सामने आई है। राजधानी रायपुर में वाजपेयी की कलश यात्रा के बाद आयोजित श्रद्धांजलि में छत्तीसगढ़ सरकार के ही दो मंत्री मंच पर हंसी - मजाक कर ठहाके लगाते नजर आए। हालांकि मौके पर मौजूद बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष धरमलाल कौशिक ने उन्हें फटकार लगाई तब वो चुप हुए।

श्रद्धांजलि सभा में मंत्रियों की शर्मनाक हरकत

दरअसल अटल बिहारी वाजपेयी की अस्थि कलश यात्रा बुधवार को रायपुर पहुंची। यहां कलश यात्रा के बाद श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया। श्रद्धांजलि सभा के दौरान मंच पर मौजूद बीजेपी सरकार के दो मंत्री बृजमोहन अग्रवाल और अजय चंद्राकर ठहाके लगाते नजर आए। दोनों मंत्रियों को देखकर मंच पर ही बैठे बीजेपी अध्यक्ष धरमलाल कौशिक थोड़े असहज हुए और उन्हें फटकार भी लगाई। जिसके बाद दोनों मंत्री चुप हो गए। इस शर्मनाक घटना के फोटो और वीडियो भी सोशल मीडिया में खूब वायरल हो रहे हैं।


मंच पर मंत्रियों ने लगाए ठहाके

यह घटनाक्रम उस वक्त हुआ जब रायपुर में अस्थि कलश यात्रा बीजेपी कार्यालय एकात्म परिसर पहुंची थी। कार्यक्रम के दौरान मंच पर बैठे अजय चंद्राकर ने बीजेपी की राष्ट्रीय महासचिव सरोज पांडेय को मोबाइल फोन पर कुछ दिखाया। इसके बाद दोनों मंत्री किसी बात को लेकर हंस पड़े। इसी बीच चंद्राकर टेबल ठोककर ठहाके लगाते नजर आए। इसमें बृजमोहन भी पीछे नहीं रहे।

इससे नजर आ रहा बीजेपी का आडंबर- कांग्रेस 

वाजपेयी की श्रद्धांजलि सभा में हुई इस घटना को लेकर कांग्रेस ने आपत्ति जताई है। कांग्रेस के संचार प्रमुख शैलेष नितिन त्रिवेदी ने शोक सभा में इस तरह की हरकत को अशोभनीय बताया है। उन्होंने कहा इससे बीजेपी का आडंबर और दिखावा साफतौर पर नजर आ रहा है। हालांकि मामले में मंत्री अजय चन्द्राकर ने मीडिया से कहा है कि ऐसा कुछ नहीं हुआ, मंच पर सहज बातें ही हो रहीं थीं।
 

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कोई भी प्रॉपर्टी खरीदने से पहले इस बात का ध्यान रखे कि वो भारतीय रियल एस्टेट इंडस्ट्री के रेगुलेटर RERA से अप्रूव्ड हो। रियल एस्टेट रेगुलेशन एंड डेवेलपमेंट एक्ट, 2016 (RERA) को भारतीय संसद ने पास किया था। RERA का मकसद प्रॉपर्टी खरीदारों के हितों की रक्षा करना और रियल एस्टेट सेक्टर में निवेश को बढ़ावा देना है। राज्य सभा ने RERA को 10 मार्च और लोकसभा ने 15 मार्च, 2016 को किया था। 1 मई, 2016 को यह लागू हो गया। 92 में से 59 सेक्शंस 1 मई, 2016 और बाकी 1 मई, 2017 को अस्तित्व में आए। 6 महीने के भीतर केंद्र व राज्य सरकारों को अपने नियमों को केंद्रीय कानून के तहत नोटिफाई करना था।