दैनिक भास्कर हिंदी: पीएम मोदी ने फिर से लॉकडाउन को बताया अफवाह, कहा- अब अनलॉक 2.0 की तैयारी

June 17th, 2020

हाईलाइट

  • पीएम मोदी ने फिर से लॉकडाउन को बताया अफवाह, कहा- अब अनलॉक 2.0 की तैयारी

नई दिल्ली, 17 (जून)आईएएनएस)। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने फिर से देश में लॉकडाउन लगने की बातों को अफवाह करार दिया है। उन्होंने बुधवार को मुख्यमंत्रियों से वीडियो कांफ्रेंसिंग के दौरान कहा कि अब लॉकडाउन की अफवाहों से लड़ने और अनलॉक 2.0 की तैयारियों में जुटने का समय है। प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि देशवासियों के संयम, प्रशासन की तत्परता और कोरोना योद्धाओं के समर्पण की वजह से देश में हालात नियंत्रण में है। प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि अब तो पीएम-केयर्स फंड के तहत भारत में ही बने वेंटिलेटर्स की सप्लाई भी शुरू हो चुकी है।

प्रधानमंत्री मोदी ने दूसरे चरण में उत्तर प्रदेश, बिहार, दिल्ली, महाराष्ट्र, गुजरात सहित 15 राज्यों के मुख्यमंत्रियों से बातचीत करते हुए कहा, लॉकडाउन की अफवाहों से लड़ने की जरूरत है। देश अब अनलॉक के दूसरे चरण की ओर है। हमें आर्थिक गतिविधियों को खोलने के साथ नुकसान को कम से कम करने के बारे में सोचना है। वायरस के खिलाफ लड़ने की सामूहिक प्रतिबद्धता हमें जीत की ओर ले जाएगी।

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि प्रतिबंधों में कमी के कारण आर्थिक संकेतकों पर प्रदर्शन सुधरा है। मुद्रास्फीति भी नियंत्रण में है। प्रधानमंत्री मोदी ने राज्यों से बुनियादी ढांचे और निर्माण संबंधी कार्यो को बढ़ावा देने के लिए कहा। उन्होंने आने वाले वक्त में प्रवासी मजदूरों के सामने आने वाली चुनौतियों से निपटने की तरह भी मुख्यमंत्रियों को आगाह किया।

प्रधानमंत्री मोदी ने मुख्यमंत्री से कहा, अनलॉक 1 के बाद यह हमारी पहली मुलाकात है। ये वास्तविकता है कि कोरोना का फैलाव कुछ बड़े राज्यों, बड़े शहरों में अधिक है। कुछ शहरों में अधिक भीड़, छोटे-छोटे घर, गलियों-मोहल्लों में फिजिकल डिस्टेंसिंग की कमी, हर रोज हजारों लोगों की आवाजाही, इन बातों ने कोरोना के खिलाफ लड़ाई को और चुनौतीपूर्ण बना दिया है। फिर भी हर देशवासी के संयम, अनेक जगहों पर प्रशासन की तत्परता और हमारे कोरोना योद्धाओं के समर्पण की वजह से हमने हालात को नियंत्रण से बाहर नहीं जाने दिया है।

पीएम मोदी ने कहा कि समय पर ट्रेसिंग, ट्रीटमेंट और रिपोटिर्ंग के कारण हमारे यहां संक्रमण से उबरने वालों की संख्या लगातार बढ़ रही है। ये राहत की बात है कि आईसीयू और वेंटिलेटर केयर की जरूरत भी बहुत कम मरीजों को पड़ रही है। समय पर उठाए गए सही कदमों के कारण देश इस बड़े खतरे का मुकाबला कर पाए हैं।