दैनिक भास्कर हिंदी: तूतीकोरिन फायरिंग मामले में सुप्रीम कोर्ट ने कहा-अब छुट्टियों के बाद होगी सुनवाई

May 28th, 2018

डिजिटल डेस्क, तूतीकोरिन। सुप्रीम कोर्ट ने तमिलनाडु के तूतीकोरिन में स्टरलाइट प्लांट के विरोध में हुई हिंसा मामले में सुनवाई से इंकार कर दिया है। कोर्ट ने कहा कि इस मामले में तत्काल सुनवाई नहीं होगी, अभी कोर्ट की छुट्टियां चल रही हैं। कोर्ट ने तूतीकोरिन फायरिंग मामले की सीबीआई से जांच कराए जाने संबंधी याचिका की सुनवाई टाल दी है। स्टरलाइट कॉपर प्लांट के खिलाफ प्रदर्शन के दौरान हुई हिंसा में पुलिस की फायरिंग में 13 लोगों की जान चली गई थी।

 

इंटरनेट सेवा बहाल की गई

घटना के बाद से ही कई इलाकों में इंटरनेट सेवा बंद कर दी गई थी। तमिलनाडु के थूथुकुडी जिले में इंटरनेट सेवा फिलहाल बहाल की गई। अब इस मामले ने पूरी तरह से राजनीतिक रूप ले लिया हैं। वेदांता के चेयरमैन अनिल अग्रवाल ने कहा कि, हम अभी तक कोर्ट और सरकार के हर नियम का पालन कर रहे हैं। यहां जो भी हुआ है हम उससे दुखी हैं। अभी ये प्लांट बंद है, लेकिन इसे दोबारा शुरू करने के लिए हम सरकार और कोर्ट के आदेश का इंतजार कर रहे हैं। 

 

 

सीएम पलानीस्वामी बोले, मामला विचाराधीन

तमिलनाडु के डिप्टी सीएम पनीरसेल्वम और राज्यमंत्री डी जयकुमार ने कलेक्टर ऑफिस जाकर निरीक्षण किया जहां प्रदर्शनकारियों ने गाड़ियों को आग लगा दी थी। वहीं मुख्‍यमंत्री ई पलानीस्वामी का कहना है कि, पूर्व मुख्‍यमंत्री जयललिता ने पहले ही कॉपर प्‍लांट की बिजली कटवा दी थी, लेकिन ये फैसला एनजीटी ने बदल दिया। इसके बाद 2013 में एनजीटी के फैसले के खिलाफ जयललिता सुप्रीम कोर्ट गई थीं जहां ये मामला अभी भी विचाराधीन है। 

 

डीजीपी ने कहा-कम किया पुलिस बल

डीजीपी टीके राजेंद्रन ने कहा, इंटरनेट सुविधा आज रात से बहाल कर रहे हैं, लोग बिना किसी समस्या के सुविधा का लाभ उठा सकते हैं। उन्होंने कहा कि हमने अधिकारियों और पुलिस बल को वापस बुला लिया है, लेकिन हम पूरे जिले में शांति की देखभाल करने के लिए पर्याप्त ताकत रखते हैं। मैं लोगों से अनुरोध करता हूं कि वे पूरे जिले में सामान्य स्थिति को वापस लाने में सहयोग करें।
 

 इस बीच, थूथुकुड़ी के मछुआरों ने स्टरलाइट इंडस्ट्रीज को बंद करने की मांग की है। उन्होंने आरोप लगाया कि उद्योग से रासायनिक अपशिष्ट ने इस क्षेत्र के नजदीक नदी और तालाबों को प्रभावित किया है, जिसके कारण उनका उत्पादन घट गया है।