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अगस्ता वेस्टलैंड स्कैम: बिचौलिए कार्लो गेरोसा के प्रत्यर्पण से इटली का इनकार

June 23rd, 2018 10:18 IST
अगस्ता वेस्टलैंड स्कैम: बिचौलिए कार्लो गेरोसा के प्रत्यर्पण से इटली का इनकार

हाईलाइट

  • इटली सरकार ने यूरोपीय बिचौलिया कार्लो गेरोसा के भारत में प्रत्यर्पण से इनकार कर दिया है।
  • सीबीआई ने पिछले साल नवंबर के पहले सप्ताह में इटली को गेरोसा के प्रत्यर्पण के संबंध में निवेदन भेजा था।
  • जिसके बाद इटली की एजेंसियों ने गेरोसा को गिरफ्तार किया था।

डिजिटल डेस्क, रोम। वीवीआईपी चॉपर केस अगस्ता वेस्टलैंड में भारतीय जांच एजेंसी को एक बड़ा झटका लगा है। इटली सरकार ने यूरोपीय बिचौलिया कार्लो गेरोसा के भारत में प्रत्यर्पण से इनकार कर दिया है। सीबीआई ने पिछले साल नवंबर के पहले सप्ताह में इटली को गेरोसा के प्रत्यर्पण के संबंध में निवेदन भेजा था। जिसके बाद इटली की एजेंसियों ने गेरोसा को गिरफ्तार किया था। यूपीए सरकार के दूसरे कार्यकाल के दौरान करीब 3, 727 करोड़ रुपए का यह घोटाला सामने आया था। 

 
गेरोसा केस की मेन कड़ी

सीबीआई के अधिकारियों का कहना है कि वो इस मुद्दे को इटली के आला कमान के समक्ष रखेंगे। गेरोसा के भारत आने के बाद ही मामले की तह तक पहुंचा जा सकेगा। वीवीआईपी चॉपर केस में गेरोसा एक महत्वपूर्ण कड़ी है। उसने भारतीय राजनीतिज्ञों, इंडियन एयरफोर्स के कुछ बड़े अधिकारियों को इस बात के लिए राजी किया कि वो 12 वीवीआईपी चॉपर खरीद के सौदे को एंग्लो इटैलियन फर्म अगस्तावेस्टलैंड को सुपुर्द कर दें। गेरोसा के ही जरिए गुडो हश्के, यूके बेस्ड मध्यस्थ क्रिश्टियन मिशेल के बारे में जानकारी मिलती है।

गेरोसा के पास स्विस पासपोर्ट भी

सीबीआई के मुताबिक इटली को सभी दस्तावेज जिसमें चार्जशीट, बयान और तकनीकी साक्ष्य मुहैया कराए गए हैं। इन दस्तावेजों के आधार पर गेरोसा के प्रत्यर्पण की मांग की जा रही थी। गेरोसा के पास स्विस पासपोर्ट भी है। बता दें कि इटली के साथ भारत का द्विपक्षीय प्रत्यर्पण समझौता नहीं है। इस मामले में 2004 में संजीव त्यागी उर्फ जूली त्यागी ने हश्के से खुद को मध्यस्थ के रूप में पेश किया था।

संजीव त्यागी, हश्के से पूछते हैं कि क्या उनका यूरोपियन एयरोनॉटिक डिफेंस एंड स्पेस कंपनी से कोई संपर्क है। त्यागी भाइयों ने हश्के को अपने चचेरे भाई एसपी त्यागी के बारे में बताया कि बहुत जल्द वो चीफ ऑफ एयर स्टॉफ बन जाएंगे। चार्जशीट के गेरोसा और हश्के का जवाब था कि उनका ईएडीएस से सीधा संबंध नहीं है, लेकिन अंसाल्डो इनर्जिया के सीईओ मिस्टर जांपिनी के जरिए वो अगस्तावेस्टलैंड से सौदा कर सकते हैं। बता दें कि फिनमेक्कैनिका या अगस्तावेस्ट लैंड यूरोकॉप्टर हेलीकॉप्टर की निर्माण करती थी।

लियोनार्डो कंपनी के दो अधिकारी पहले ही बरी

गेरोसा ने ही पेमेंट शीट तैयार की थी जो इटली की जांच एजेंसियों के हाथ लग गई थी। जिससे पता चलता है कि जूली त्यागी को आंशिक भुगतान के तौर पर दो लाख चालीस हजार यूरो अदा किए गए थे। गेरोसा, यूरोमेड होल्डिंग कंपनी एलएलसी के मालिक थे जिसमें जूली त्यागी, संदीप त्यागी और राजीव त्यागी की 20 फीसद हिस्सेदारी थी। पांच महीने पहले ही इस मामले में इटली की एक अपील कोर्ट ने सबूतों के अभाव में लियोनार्डो कंपनी के दो अधिकारियों को भारतीय वायुसेना अधिकारियों को घूस देने के आरोप से बरी कर दिया है। 

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