Sonam Wangchuk News: जंतर मंतर पर सोनम वांगचुक से अरविंद केजरीवाल ने की मुलाकात, केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे को लेकर BJP पर साधा निशाना

डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। दिल्ली के जंतर-मंतर पर शिक्षा व्यवस्था में सुधार और पेपर लीक के मामले के खिलाफ सोनम वांगचुक का आमरण अनशन जारी है। इस बीच दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री और आम आदमी पार्टी चीफ अरविंद केजरीवाल ने गुरुवार को सोनम वांगचुक से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने वांगचुक का समर्थन देते हुए केंद्र सरकार को आड़े हाथों लिया है।
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देश के बच्चों के लिए लड़ रहे हैं सोनम वांगचुक
केजरीवाल ने कहा कि वह सोनम वांगचुक को सलाम करते हैं, क्योंकि वह देश के छात्रों के भविष्य के लिए अनशन कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि बहुत सारे शिक्षक हैं, जिन्होंने पेपर लीक के खिलाफ आवाज उठाई और इसके चलते उन्हें कार्रवाई का सामना करना पड़ा।
धर्मेंद्र प्रधान की जगह सोनम वांगचुक को बनाया जाए शिक्षा मंत्री
अरविंद केजरीवाल ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान पर हमला बोलते हुए कहा कि उन्हें पद से हटाकर सोनम वांगचुक को देश का शिक्षा मंत्री बनाया जाना चाहिए। उन्होंने कहा, ''मैं इस सरकार को कहता हूं कि कॉकरोच जनता पार्टी की बात सुन लो, सोनम वांगचुक की बात सुन लो, नहीं तो ये सरकार भी नहीं बचेगी। धर्मेंद्र प्रधान को इस्तीफा देना चाहिए।"
2029 में केंद्र में नहीं बनेगी बीजेपी की सरकार
केजरीवाल ने 2011 के अन्ना हजारे आंदोलन को याद करते हुए कहा कि उस समय भी सरकार ने जनता की आवाज नहीं सुनी थी और बाद में सत्ता गंवानी पड़ी। उन्होंने कहा कि अगर वर्तमान सरकार ने भी सोनम वांगचुक और छात्रों की मांगों पर ध्यान नहीं दिया तो 2029 में उसे भी राजनीतिक नुकसान उठाना पड़ सकता है।
सरकार छात्रों की आवाज सुने
केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए केजरीवाल ने कहा कि सरकार को छात्रों और सोनम वांगचुक की मांगों को गंभीरता से सुनना चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार शिक्षा व्यवस्था की समस्याओं को नजरअंदाज कर रही है। उन्होंने कहा कि अगले साल फिर पेपर लीक होगा और अगले साल बच्चे फिर आत्महत्या करेंगे। इस सिस्टम को बदलना पड़ेगा। मैं सब लोगों से, देश के कोने कोने से लोगों से अपील करना चाहता हूं कि ज्यादा से ज्यादा संख्या में 20 तारीख को यहां पहुंचें। ताकि संसद मार्च किया जा सके।
पेपर लीक से बच्चों का कॉन्फिडेंस गिर जाता है
दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा, '' मैंने भी आईआईटी का पेपर दिया था लेकिन उन दिनों में पेपर लीक नहीं होते थे। मेरे दोनों बच्चों आईआईटी से हैं, मेरे बच्चों के टाइम पर भी पेपर लीक नहीं होते थे लेकिन आज जिस तरह से कुछ सालों से पेपर लीक हो रहे हैं, बच्चों का कॉन्फिडेंस लड़खड़ाने लगा है। ये देश के लिए बहुत खतरनाक बात है। हर साल पेपर लीक हो रहे हैं। पेपर लीक होते हैं, कमेटी बनती है, एफआईआर होती है, गिरफ्तारी होती है, बेल मिल जाती है और फिर अगले साल पेपर लीक की तैयारी शुरू हो जाती है।''
Created On :   16 July 2026 9:08 PM IST








