कांग्रेस ने केरल के राज्यपाल को बच्चों की तरह बर्ताव नहीं करने को कहा

Congress asks Kerala Governor not to behave like a child
कांग्रेस ने केरल के राज्यपाल को बच्चों की तरह बर्ताव नहीं करने को कहा
केरल कांग्रेस ने केरल के राज्यपाल को बच्चों की तरह बर्ताव नहीं करने को कहा

डिजिटल डेस्क, तिरुवनंतपुरम। केरल में कन्नूर विश्वविद्यालय के कुलपति गोपीनाथ रवींद्रन की फिर से नियुक्ति को लेकर पिनाराई विजयन सरकार और राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान के बीच जारी खींचतान को लेकर गुरुवार को कांग्रेस ने श्री खान को निशाना बनाते हुए कहा कि उन्हें एक बच्चे की तरह बर्ताव नहीं करना चाहिए। रवींद्रन को फिर से नियुक्त करने के राज्य सरकार के तरीके से राज्यपाल आठ दिसंबर के बाद से नाराज हैं, हालांकि उन्होंने इस पर अपने हस्ताक्षर किए हैं लेकिन यह भी कहा कि वह अब कुलाधिपति नहीं हैं क्योंकि जिस तरह से राज्य की उच्च शिक्षा मंत्री आर. बिंदू ने उन्हें दो पत्र लिखकर रवींद्रन की नियुक्ति की मांग की थी, वह उन्हें बुरा लगा है और उन्होंने वह पदत्याग दिया है। खान ने खुद कहा था कि रवीन्द्रन मामले में केरल उच्च न्यायालय से उन्हें जो नोटिस प्राप्त हुआ था उसे उन्होंने विजयन सरकार प्रेषित कर दिया है क्योंकि वह अब कुलाधिपति नहीं हैं।

रवीन्द्रन की पुन: नियुक्ति के खिलाफ दायर याचिका पर खंडपीठ 12 जनवरी को सुनवाई करेगी। गुरुवार को विपक्ष के नेता वी.डी. सतीसन ने कहा कि श्री खान एक बच्चे की तरह बर्ताव कर रहे हैं। उन्होंने कहा  वह (खान) कुलाधिपति हैं और केरल विधानसभा में पारित एक विधेयक के माध्यम से राज्य के राज्यपाल को कुलाधिपति के रूप में नियुक्त किया गया था। अब उनका कहना है कि उन्होंने पद छोड़ दिया है। ऐसा नहीं हो सकता है क्योंकि अगर उन्हें पद छोड़ना पड़ता है, तो इसे विधानसभा में पारित किया जाना है। इसलिए उन्होंने जो किया है वह कानून के खिलाफ है। राज्यपाल विधि के शासन से ऊपर नहीं है और उन्होंने जो कुछ भी कहा है वह पूरी तरह से गलत है।

इस मामले में कांग्रेस के वरिष्ठ विधायक रमेश चेन्नीथला ने कहा कि श्री खान को वास्तव में इस मामले में यह करना चाहिए कि रवींद्रन को फिर से नियुक्त कर उन्होंने जो गलती की है उसमें सुधार किया जाए।  चेन्निथला ने कहा कि श्री खान ने जो किया है वह राज्य के विश्वविद्यालयों के कामकाज को प्रभावित करेगा। अभी तक वह यह कहते रहे हैं कि शिक्षा मंत्री ने उन्हें पत्र लिखा था और अब उन्हें यह देखना चाहिए कि क्या सुश्री बिंदू को मंत्रिमंड़ल से हटाया जाता है । उन्होंने कहा कि वह सुश्री बिंदु के खिलाफ केरल लोक आयुक्त में जाएंगे लेकिन इससे पहले वह राज्यपाल के कार्यालय के आरटीआई के कुछ जवाबों की प्रतीक्षा कर रहे हैं और एक बार उन्हें यह मिल जाए तो वह जो भी जरूरी होगा , वह करेंगे।

(आईएएनएस)

Created On :   30 Dec 2021 3:30 PM GMT

Tags

और पढ़ेंकम पढ़ें
Next Story