comScore

© Copyright 2019-20 : Bhaskarhindi.com. All Rights Reserved.

GHMC Polls: अमित शाह ने निकाय चुनाव में बहुमत का दावा किया, औवैसी से कहा- एक बार लिखकर दें, मैं रोहिंग्या को बाहर निकालता हूं

GHMC Polls: अमित शाह ने निकाय चुनाव में बहुमत का दावा किया, औवैसी से कहा- एक बार लिखकर दें, मैं रोहिंग्या को बाहर निकालता हूं

डिजिटल डेस्क, हैदराबाद। हैदराबाद निकाय चुनाव से पहले रविवार को गृहमंत्री अमित शाह ने रोड शो किया। रोड शो के बाद अमित शाह ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बीजेपी के हैदराबाद निकाय चुनाव में बहुमत हासिल करने का दावा किया। अमित शाह ने कहा कि मैं आश्वस्त हूं कि इस बार बीजेपी अपनी सीटें बढ़ाने या अपनी उपस्थिति को मजबूत करने के लिए नहीं लड़ रही है, लेकिन इस बार हैदराबाद के मेयर हमारी पार्टी से होंगे।

अमित शाह ने रोहिंग्या के मुद्दे पर असुद्दीन ओवैसी के उस बयान का जवाब दिया जिसमें उन्होंने कहा था कि अगर हैदराबाद अवैध बांग्लादेशी और रोहिंग्या रहते हैं तो अमित शाह कार्रवाई क्यों नहीं करते। शाह ने कहा कि रोहिंग्या पर जब वह कार्रवाई करते हैं तो ये लोग शोर मचाने लगते हैं। ओवैसी एक बार लिखकर दें कि बांग्लादेशी और रोहिंग्या को निकाल दें, फिर मैं कुछ करता हूं। 

अमित शाह ने कहा कि हैदराबाद में जिस प्रकार का कॉरपोरेशन टीआरएस और मजलिस के नेतृत्व में चला है, वो हैदराबाद को विश्व का आईटी हब बनाने में सबसे बड़ा रोड़ा है। बारिश में शहर में पानी भरने से करीब 60 लाख लोग परेशान हुए। मजलिस के इशारों पर अवैध निर्माण होता है, इससे पानी की निकासी रुकती है। अमित शाह ने कहा कि मैं हैदराबाद की जनता को विश्वास दिलाता हूं कि एक बार बीजेपी को मौका दीजिए, हम सारे अवैध निर्माण का हटाकर पानी की निकासी सुचारू करेंगे।

शाह ने कहा कि आईटी सेक्टर में निवेश से हैदराबाद को बहुत फायदा हो रहा है। पीएम मोदी ने युवाओं के लिए बहुत सारे अवसर पैदा किए हैं और यह विदेशी निवेशकों द्वारा भारत में दिखाए गए विश्वास को दर्शाता है। अमित शाह ने कहा कि पीएम मोदी ने 'वर्क फ्रॉम होम' का रास्ता खोल दिया है। हैदराबाद में काम करने वाले आईटी पेशेवरों को इस कदम से सबसे अधिक फायदा होने वाला है। 

अमित शाह ने टीआरएस और असुद्दीन ओवैसी पर निशाना साधते हुए कहा कि केसीआर और मजलिस ने 100 दिन की योजना का वादा किया था, इसका हिसाब हैदराबाद की जनता मांगती है। 5 साल में कुछ भी किया हो तो यहां की जनता के सामने रखिए। सिटिजन चार्टर का वादा किया था, उसका क्या हुआ? शाह ने कहा कि हम हैदराबाद को नवाब, निज़ाम संस्कृति से मुक्त करने और यहां एक मिनी-इंडिया बनाने जा रहे हैं। हम हैदराबाद को एक आधुनिक शहर में बनाना चाहते हैं, जो निज़ाम की संस्कृति से मुक्त हो। 

कमेंट करें
QiUBZ
NEXT STORY

Real Estate: खरीदना चाहते हैं अपने सपनों का घर तो रखे इन बातों का ध्यान, भास्कर प्रॉपर्टी करेगा मदद

Real Estate: खरीदना चाहते हैं अपने सपनों का घर तो रखे इन बातों का ध्यान, भास्कर प्रॉपर्टी करेगा मदद

डिजिटल डेस्क, जबलपुर। किसी के लिए भी प्रॉपर्टी खरीदना जीवन के महत्वपूर्ण कामों में से एक होता है। आप सारी जमा पूंजी और कर्ज लेकर अपने सपनों के घर को खरीदते हैं। इसलिए यह जरूरी है कि इसमें इतनी ही सावधानी बरती जाय जिससे कि आपकी मेहनत की कमाई को कोई चट ना कर सके। प्रॉपर्टी की कोई भी डील करने से पहले पूरा रिसर्च वर्क होना चाहिए। हर कागजात को सावधानी से चेक करने के बाद ही डील पर आगे बढ़ना चाहिए। हालांकि कई बार हमें मालूम नहीं होता कि सही और सटीक जानकारी कहा से मिलेगी। इसमें bhaskarproperty.com आपकी मदद कर सकता  है। 

जानिए भास्कर प्रॉपर्टी के बारे में:
भास्कर प्रॉपर्टी ऑनलाइन रियल एस्टेट स्पेस में तेजी से आगे बढ़ने वाली कंपनी हैं, जो आपके सपनों के घर की तलाश को आसान बनाती है। एक बेहतर अनुभव देने और आपको फर्जी लिस्टिंग और अंतहीन साइट विजिट से मुक्त कराने के मकसद से ही इस प्लेटफॉर्म को डेवलप किया गया है। हमारी बेहतरीन टीम की रिसर्च और मेहनत से हमने कई सारे प्रॉपर्टी से जुड़े रिकॉर्ड को इकट्ठा किया है। आपकी सुविधाओं को ध्यान में रखकर बनाए गए इस प्लेटफॉर्म से आपके समय की भी बचत होगी। यहां आपको सभी रेंज की प्रॉपर्टी लिस्टिंग मिलेगी, खास तौर पर जबलपुर की प्रॉपर्टीज से जुड़ी लिस्टिंग्स। ऐसे में अगर आप जबलपुर में प्रॉपर्टी खरीदने का प्लान बना रहे हैं और सही और सटीक जानकारी चाहते हैं तो भास्कर प्रॉपर्टी की वेबसाइट पर विजिट कर सकते हैं।

ध्यान रखें की प्रॉपर्टी RERA अप्रूव्ड हो 
कोई भी प्रॉपर्टी खरीदने से पहले इस बात का ध्यान रखे कि वो भारतीय रियल एस्टेट इंडस्ट्री के रेगुलेटर RERA से अप्रूव्ड हो। रियल एस्टेट रेगुलेशन एंड डेवेलपमेंट एक्ट, 2016 (RERA) को भारतीय संसद ने पास किया था। RERA का मकसद प्रॉपर्टी खरीदारों के हितों की रक्षा करना और रियल एस्टेट सेक्टर में निवेश को बढ़ावा देना है। राज्य सभा ने RERA को 10 मार्च और लोकसभा ने 15 मार्च, 2016 को किया था। 1 मई, 2016 को यह लागू हो गया। 92 में से 59 सेक्शंस 1 मई, 2016 और बाकी 1 मई, 2017 को अस्तित्व में आए। 6 महीने के भीतर केंद्र व राज्य सरकारों को अपने नियमों को केंद्रीय कानून के तहत नोटिफाई करना था।