- Home
- /
- राज्य
- /
- महाराष्ट्र
- /
- नागपुर
- /
- मनपा में बिलो रेट टेंडर पर बवाल ,...
Nagpur News: मनपा में बिलो रेट टेंडर पर बवाल , 40% कम दर पर ठेकों की जांच की मांग

Nagpur News मनपा स्थायी समिति की बैठक बुधवार को हंगामे की भेंट चढ़ गई। प्रशासक के कार्यकाल के दौरान 40% बिलो रेट पर मंजूर किए गए टेंडरों को लेकर विपक्ष ने आक्रामक रुख अपनाते हुए धांधली के आरोप लगाए। कांग्रेस और मुस्लिम लीग के पार्षदों ने टेंडर प्रक्रिया की पारदर्शिता पर सवाल उठाते हुए आशंका जताई कि, इतनी कम दर पर काम लेने से विकासकार्यों की गुणवत्ता घटिया होगी।
पुणे पैटर्न लागू करने की मांग : कांग्रेस के अभिजीत झा ने पुरजोर तरीके से मांग रखी कि, बिलो रेट टेंडरों को तत्काल रद्द कर नए सिरे से ‘री-टेंडर' किया जाए।
उन्होंने पुणे महानगरपालिका का उदाहरण देते हुए कहा कि, वहां 1 अप्रैल से निर्धारित रेट से कम पर टेंडर स्वीकार न करने और एक ठेकेदार को 3 से ज्यादा ठेके न देने का नियम लागू हैं, जिसे नागपुर में भी अपनाना चाहिए। विपक्ष के सदस्य मारिस्टेला उसरे, वसीम खान, अभिषेक शंभरकर, असलम मुल्ला ने आरोप लगाया कि, स्थायी समिति अध्यक्ष ने उनकी आपत्तियों को दरकिनार कर बहुमत के दम पर प्रस्तावों को मंजूरी दी।
प्रशासक के कार्यकाल के : टेंडरों का होगा पोस्टमार्टम विपक्ष ने उन सभी टेंडरों की फेहरिस्त पेश की जो 35 से 40% बिलो रेट पर दिए गए थे। मांग की गई कि, सभी संदिग्ध कामों का थर्ड पार्टी ऑडिट कराया जाए। दोषी अधिकारियों के खिलाफ कठोर दंडात्मक कार्रवाई हो। टेंडर कॉस्ट से ऊपर बढ़कर दी गई अतिरिक्त रकम की जांच हो।
रिपोर्ट तलब, ब्लैकलिस्ट करने की तैयारी : हंगामे के बीच स्थायी समिति अध्यक्ष शिवानी दाणी ने स्पष्ट किया कि, साल 2023 से 2026 के बीच हुए सभी बिलो रेट टेंडरों की विस्तृत रिपोर्ट तलब की गई है। उन्होंने निर्देश दिए कि, जो ठेकेदार शर्तों को पूरा नहीं कर रहे उन्हें ब्लैकलिस्ट किया जाए। साथ ही, इसके लिए जिम्मेदार अधिकारियों की जवाबदेही तय कर उन्हें कारण बताओ नोटिस जारी किया जाए।
विज्ञापन नीति से 10 करोड़ की आय बढ़ाने का लक्ष्य : शहर की विज्ञापन नीति पर भी बैठक में सकारात्मक चर्चा हुई। अध्यक्ष ने विज्ञापन की दरें जोन के हिसाब से तय करने और स्ट्रक्चरल ऑडिट कराने की सूचना दी। अभिजीत झा ने सुझाव दिया कि, विज्ञापन दरों में संशोधन कर मनपा की आय में कम से कम 10 करोड़ रुपए की बढ़ोतरी की जानी चाहिए। इस विषय को अंतिम निर्णय के लिए आगामी आमसभा में रखा जाएगा।
Created On :   25 March 2026 10:19 AM IST















