दैनिक भास्कर हिंदी: नागपुर सेंट्रल जेल के गोदाम में लगी आग, काम कर रहे कैदियों को बैरक में किया शिफ्ट

April 9th, 2018

डिजिटल डेस्क, नागपुर। सोमवार दोपहर करीब 2:45 बजे सेंट्रल जेल के अंदर गोदाम में भीषण आग लग गई। जिसके बाद वहां अफरा तफरी का माहौल दिखा। इस दौरान वहां काम कर रहे कैदियों को तुरंत रोका गया। जहां से उन्हें एहतियातन वापस बैरक में भेज दिया गया। इसके बाद फायर ब्रिगेड की गाड़ियां घटनास्थल पर पहुंच गई। जेल का यह गोदाम सेंट्रल जेल की सुरक्षा दीवार के पास बना हुआ था। आग पर काबू पाने के लिए जेल के अंदर तीन दमकल वाहनों को प्रवेश दिया गया। 7 दमकल वाहन जेल के बाहर और तीन वाहन अंदर आग बुझाने के काम में जुटे थे। जेल अधीक्षक रानी भोसले ने बताया कि आग लगने की सूचना उन्हें जेल के कर्मचारियों ने दी। गोदाम के अंदर से धुआं निकलता किसी कैदी ने देखा था। उसने कर्मचारी को सूचना दी। उसके बाद जेल प्रशासन ने दमकल विभाग को आग लगने की जानकारी दी। दमकल विभाग के अाने तक जेल प्रशासन अपने स्तर पर आग पर काबू पाने की कोशिश करता रहा। अग्निशमन अधिकारी नाकोड सहयोगियों के साथ घटनास्थल पर पहुंचे। आग सेंट्रल जेल के आरोपी सेल के पीछे बने जेल गोदाम में लगी थी। दमकल विभाग के अधिकारियों ने बाहर से आग पर काबू पाने की कोशिश की। आग काफी तेजी से फैल रही थी। अनुमति मिलने पर दमकल कर्मियों ने जेल के अंदर जाकर आग को काबू करना शुरु किया। 

रखे था कारखाने से निकला कबाड़ और अन्य सामग्री 

सूत्रों के मुताबिक गोदाम के अंदर जेल कारखाना से निकला कबाड़ और अन्य सामग्री रखी हुई थी। आग लगने का कारण पता नहीं चल पाया है। घटनास्थल पर धंतोली पुलिस भी पहुंची थी। गोदाम के अंदर पुराने दस्तावेज रखे गए थे। इस बारे में पूछने पर जेल प्रशासन ने इंकार करते हुए कहा कि सिर्फ गोदाम के अंदर स्क्रैप मटेरियल रखा हुआ था। आग लगने के समय कैदियों पर विशेष ध्यान दिया गया। जेल के अंदर के कैदियों को उनके बैरक की ओर लौटा दिया गया। इस घटना को लेकर कई तरह की अटकलें लगाई जा रही हैं। सूत्रों का कहना है कि इस तरह की घटना के होने पर कैदी उसका फायदा न उठा सके, इसलिए जेल प्रशासन ने कैदियों पर पैनी रखे हुए थे।

आधे घंटे तक मशक्कत करते रहे दमकलकर्मी 
करीब 30 मिनट के बाद गोदाम में लगी आग पर काबू पाया जा सका। मीडिया को अंदर जाने की अनुमति नहीं दी गई। सामने का गेट बंद कर दिया गया था। आग कैसे लगी, क्यों लगी, किन हालातों में लगी। इन सवालों से पर्दा उठना अभी बाकी है। गोदाम में आग लगना रहस्यमई लग रहा है। मामले की छानबीन शुरु कर दी गई है। हादसे में कई कैदियों की जान बच गई। यदी वक्त रहते कैदियों को वहां से हटाया नहीं जाता, तो कोई बड़ा हादसा हो सकता था।