महाराष्ट्र : लबालब हुए जलाशय, यवतमाल-नांदेड़-हिंगोली-परभणी के जलाशय फुल

September 26th, 2021

डिजिटल डेस्क,  मुंबई। प्रदेश में 13 जिलों के 27 जलाशय 100 प्रतिशत पानी भरने से लबालब हो गए हैं। इसमें यवतमाल, नांदेड़, हिंगोली, परभणी, नाशिक, जलगांव, अहमदनगर, पुणे, पालघर, कोल्हापुर, ठाणे, सांगली और  सातारा जिले के जलाशयों का समावेश है। हालांकि मानसून अंतिम दौर में होने के बावजूद प्रदेश के जलाशयों में पिछले साल के मुकाबले 5.99 प्रतिशत जलभंडारण कम है। राज्य के जलसंसाधन विभाग के अनुसार रविवार को राज्य के छोटे, बड़े और मध्यम कुल मिलाकर 3267 जलाशयों में 77.72 प्रतिशत जलभंडारण रहा। जबकि पिछले साल इसी दिन जलाशयों में 83.71 प्रतिशत पानी था। राज्य भर के जलाशयों में 39129.56 मिलियन क्यूबिक मीटर पानी है। जिसमें से 31692.68 मिलियन क्यूबिक मीटर पानी उपयोग करने योग्य है। 

नागपुर के 384 जलाशयों में 72.77 प्रतिशत पानी है। जबकि पिछले साल इस दिन 82 प्रतिशत जलसंग्रह था। अमरावती विभाग के 446 जलाशयों में पिछले साल के 78.35 प्रतिशत की तुलना में अभी 78.87 प्रतिशत जलसंचय है। औरंगाबाद के 964 जलाशयों में 65.58 प्रतिशत पानी है। जबकि पिछले साल यहां के जलाशयों में 76.43 प्रतिशत जलसंग्रह था। 

नाशिक के 571 जलाशयों में पिछले साल के 84.8 प्रतिशत पानी के मुकाबले 73.82 प्रतिशत पानी उपलब्ध है। पुणे के 726 जलाशयों में 83.76 प्रतिशत पानी मौजूद है। जबकि पिछले साल यहां के जलाशयों में 88.69 प्रतिशत पानी का भंडारण था। कोंकण के 176 जलाशयों में 88.87 प्रतिशत जलभंडारण है। जबकि पिछले साल इसी दिन 84 प्रतिशत पानी था। 

इन जलाशयों में 100 प्रतिशत पानी 

जिला     जलाशय 
यवतमाल - इसापुर 
हिंगोली- येलदरी, सिद्धेश्वर 
नांदेड़- निम्न मनार 
परभणी- निम्न दुधना 
नाशिक- गंगापुर, कडवा, भाम बांध 
कोल्हापुर- दुधगंगा 
पुणे - नीरा देवघर, वडज, गुंजवणी, पानशेत, वरसगाव, 
भामा आसखडे, चासकमान, डिभे, मुलशी टाटा          
सांगली- वारणा 
सातारा- धोम बलकवडी, वीर
अहमदनगर- निलवंडे-2, भंडारदरा 
जलगांव-वाघूर 
पालघर - धामणी, कवडास  
ठाणे - बारवी 
किस जलाशय में कितना पानी 
औरंगाबाद के जायकवाडी में 77.47 प्रतिशत पानी है। भंडारा के गोसीखुर्द जलाशय में 63.72 प्रतिशत, बावनथड़ी जलाशय में 84.42 प्रतिशत, नागपुर के कामठी खैरी जलाशय में 91.53 प्रतिशत, नांद जलाशय में 91.23 प्रतिशत, तोतलाडोह जलाशय में 90.52 प्रतिशत, बीड़ के मांजरा जलाशय में 98.15 प्रतिशत, माजलगांव जलाशय में 98.57 प्रतिशत पानी उपलब्ध है। 
 

खबरें और भी हैं...