दैनिक भास्कर हिंदी: नागपुर के अलावा मुंबई में भी छापामार कार्रवाई, बड़ी मात्रा में कैश बरामद किया

January 16th, 2020

डिजिटल डेस्क, नागपुर। शहर के विभिन्न स्थानों पर गुरुवार सुबह आयकर विभाग की छापामार कार्रवाई से व्यापारियों में हड़कंप मच गया। आयकर विभाग की इंटेलीजेंसी की टीम के 100 से अधिक अधिकारियों ने विदर्भ इंडस्ट्रीज एसोसिएशन (वीआईए) के पूर्व अध्यक्ष प्रवीण तापडिया की पाॅलिमर इंडस्ट्रीज और अजय कामनानी पर प्रतिबंधित गुटका, तंबाकू और सिगरेट आदि के नकदी कारोबार में कर चोरी के मामले में यह कार्रवाई की गई। गुरुवार को सुबह नागपुर के साथ ही मुंबई में आयकर विभाग की इंटेलीजेंस की करीब 20 टीमों ने योजनाबद्ध तरीके से एक साथ दबिश दी। मामले में संदिग्ध व्यापारी तापडिया और कामनानी पर विभाग की काफी समय से नजर थी। दोनों व्यापारी कैश में व्यापार कर करोड़ों रुपए की कर चोरी कर रहे थे। करोड़ों का व्यापार होने के कारण बड़ी मात्रा में कैश बरामद किया गया। हालांकि मामले की पुष्टि नहीं हो सकी कि कितने करोड़ रुपए का व्यापार किया गया और कितने करोड़ रुपए की कर चोरी हुई। मामले को लेकर देर रात तक विभिन्न ठिकानों पर कार्रवाई चल रही थी। तापडिया के लक्ष्मीनगर स्थित घर, हिंगना और बुटीबोरी स्थित फैक्टरी के अलावा मुंबई स्थित कार्यालय में कार्रवाई की गई। उनके भाई के यहां भी कार्रवाई की जानकारी है। कामनानी के वर्धमाननगर स्थित घर के अलावा कल्याणेश्वर मंदिर स्थित मीरा फैशन में करीब 5 टीम पहुंची और कार्रवाई शुरू कर दी। इस दौरान खरीददारी भी बंद कर दी। इतवारी स्थित मीरा जर्दा और वाड़ी स्थित गोदाम पर भी टीम ने कार्रवाई की।

महंगी ज्वैलरी भी मिलने की सूचना

आयकर के इंटेलीजेंस विभाग की कार्रवाई में करोड़ों रुपए की नकदी बरामद की गई है। बताया जा रहा है कि पूरा अवैध व्यापार नकद में होने के कारण बड़ी मात्रा में नकद रकम मिली है। महंगी ज्वैलरी भी मिलने की सूचना है। बिना कर चुकाए किए गए व्यापार के दस्तावेजों की जांच की जा रही है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि कितने करोड़ का व्यापार किया गया और कितने रुपए की कर चोरी की गई।

यह है स्थिति

आयकर विभाग की कार्रवाई में गुरुवार को प्रवीण तापडिया के 3 ठिकानों पर सर्वे किया गया और 4 ठिकानों पर सर्च किया गया। इसमें घर, दुकान और व्यापारिक प्रतिष्ठान शामिल हैं। अजय कामनानी के 5 ठिकानों पर सर्च किया गया, जबकि 4 ठिकानों पर सर्वे किया गया। इसमें घर, दुकान और फैक्टरी पर कार्रवाई की गई।

महाराष्ट्र के अलावा मध्यप्रदेश और उत्तरप्रदेश में भी खपाते थे नकली नोट


भारतीय अर्थव्यवस्था के साथ खिलवाड़े करने के उद्देश्य से देश में नकली नोट भेजे जा रहे है। बांग्लादेश से पश्चिम बंगाल के रास्ते नकली नोट लाने का मामले को बुधवार को खुलासा हुआ है। पूछताछ में सामने आया कि महाराष्ट्र के अलावा मध्यप्रदेश और उत्तर प्रदेश में भी नोटों को खपाने का काम किया जा रहा था। गुरुवार को मामले में हिरासत में लिए गए 3 लोगों को न्यायायिक हिरासत में भेज दिया गया है। कुछ दिनों से बांग्लादेश से नागपुर में 2 हजार और 5 सौ रुपए के नकली नोटों लाने का धंधा फल फूल रहा था जिस पर राजस्व आसूचना निदेशालय (डीआरआई) की नागपुर आंचलिक यूनिट ने कर नेटवर्क पर को खत्म कर दिया। कार्रवाई में 18 लाख 74 हजार 500 रुपए के नकली नोट बरामद हुए थे। उल्लेखनीय है कि डीआरआई के खुफिया अधिकारियों को सूचना मिली थी कि आरोपी बांग्लादेश से पश्चिम बंगाल के रास्ते देश में घुसते हैं और फिर वहां से विभिन्न यातायात साधनों से नागपुर पहुंचते हैं। ऐसे में मामले को लेकर बांग्लादेश के बॉर्डर के 5 किलोमीटर अंदर कुछ लोगों के होने की सूचना मिली है जिसके आधार पर बुधवार को ही कार्रवाई की योजना बनाई जा रही है। गुरुवार को भी कार्रवाई बातें चल रही थी हालांकि कि मामले को लेकर किसी भी प्रकार की पुष्टि नहीं हो सकी।

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