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सुकमा : सुकमा जिले के गादीरास को मिला तहसील का दर्जा सौगात मिलने पर ग्रामीणों ने जताया आभार

November 13th, 2020 17:08 IST
सुकमा : सुकमा जिले के गादीरास को मिला तहसील का दर्जा सौगात मिलने पर ग्रामीणों ने जताया आभार

डिजिटल डेस्क, सुकमा।, मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल के द्वारा 23 नई तहसीलों का शुभारंभ करते ही सुकमा जिले के गादीरास में भी खुशियों की लहर दौड़ गई, जिसे तहसील का दर्जा दिया गया है। गादीरास को तहसील का दर्जा देने पर ग्रामीणों ने मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल और उद्योग मंत्री श्री कवासी लखमा के प्रति आभार व्यक्त किया है। गादीरास के पूर्व उप सरपंच श्री गंगलू पोटला ने गादीरास को तहसील का दर्जा मिलने पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि इससे इस दुर्गम क्षेत्र के ग्रामीणों को बहुत अधिक राहत मिलेगी। उन्होंने कहा कि क्षेत्र में अब विकास कार्यों को गति देने के लिए अधोसंरचनाओं का निर्माण भी तेजी से किया जाना है, जिसके लिए भूमि का चिन्हांकन अत्यंत महत्वपूर्ण प्रक्रिया होती है। क्षेत्र में तहसील कार्यालय खुलने से इस प्रक्रिया मंे तेजी आएगी, जिसका सकारात्मक प्रभाव निश्चित तौर पर निर्माण कार्यों की गति में दिखाई देगा। उन्होंने बताया कि इस क्षेत्र में कोंड्रे, गोंदपल्ली, गोंडेरास, मानकापाल, मारोकी आदि अत्यंत दुर्गम क्षेत्र हैं। इन क्षेत्रों में आज भी सार्वजनिक यातायात की व्यवस्था नहीं है। ऐसे क्षेत्र के गरीब ग्रामीणों को तहसील से संबंधित कार्य के लिए सुकमा जाना अत्यंत कष्टप्रद था, किन्तु अब गादीरास में तहसील कार्यालय की स्थापना से उन ग्रामीणों को सबसे अधिक लाभ होगा। उन्होंने कहा कि आज से कुछ वर्षों पहले इस गांव में राजस्व निरीक्षक की पदस्थापना भी नहीं थी, किन्तु क्षेत्र की आवश्यकताओं को देखते हुए उद्योग मंत्री श्री कवासी लखमा ने यहां तहसील कार्यालय खुलवाने का वादा किया था। आज मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल के माध्यम से उद्योग मंत्री श्री कवासी लखमा का वादा भी पूरा हुआ, जिसके लिए वे निश्चित तौर पर आभार के पात्र हैं। गादीरास के व्यवसायी श्री राजेश मिश्रा ने कहा कि भूमि से संबंधित कार्य जैसे, नामांतरण, बंटवारा, सीमांकन आदि कार्यों के साथ ही आय, जाति एवं निवास प्रमाण पत्र सहित बहुत से कार्य तहसील कार्यालयांे के माध्यम से संचालित किए जाते हैं, जिनके लिए ग्रामीणों को सुकमा जाना पड़ता था। गादीरास में तहसील की स्थापना से निश्चित तौर पर उनका समय और धन बचेगा। उन्होंने बताया कि उन्हें व्यवसाय से संबंधित कार्य के लिए अक्सर शपथ पत्र की आवश्यकता होती है, जिसके लिए वे सुकमा जाते थे। अब गादीरास में ही तहसील कार्यालय की स्थापना से उन्हें काफी सहुलियत होगी। बचे हुए समय और धन से अपने व्यवसाय को विस्तार देने की बात उन्होंने कही।

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Real Estate: खरीदना चाहते हैं अपने सपनों का घर तो रखे इन बातों का ध्यान, भास्कर प्रॉपर्टी करेगा मदद

Real Estate: खरीदना चाहते हैं अपने सपनों का घर तो रखे इन बातों का ध्यान, भास्कर प्रॉपर्टी करेगा मदद

डिजिटल डेस्क, जबलपुर। किसी के लिए भी प्रॉपर्टी खरीदना जीवन के महत्वपूर्ण कामों में से एक होता है। आप सारी जमा पूंजी और कर्ज लेकर अपने सपनों के घर को खरीदते हैं। इसलिए यह जरूरी है कि इसमें इतनी ही सावधानी बरती जाय जिससे कि आपकी मेहनत की कमाई को कोई चट ना कर सके। प्रॉपर्टी की कोई भी डील करने से पहले पूरा रिसर्च वर्क होना चाहिए। हर कागजात को सावधानी से चेक करने के बाद ही डील पर आगे बढ़ना चाहिए। हालांकि कई बार हमें मालूम नहीं होता कि सही और सटीक जानकारी कहा से मिलेगी। इसमें bhaskarproperty.com आपकी मदद कर सकता  है। 

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ध्यान रखें की प्रॉपर्टी RERA अप्रूव्ड हो 
कोई भी प्रॉपर्टी खरीदने से पहले इस बात का ध्यान रखे कि वो भारतीय रियल एस्टेट इंडस्ट्री के रेगुलेटर RERA से अप्रूव्ड हो। रियल एस्टेट रेगुलेशन एंड डेवेलपमेंट एक्ट, 2016 (RERA) को भारतीय संसद ने पास किया था। RERA का मकसद प्रॉपर्टी खरीदारों के हितों की रक्षा करना और रियल एस्टेट सेक्टर में निवेश को बढ़ावा देना है। राज्य सभा ने RERA को 10 मार्च और लोकसभा ने 15 मार्च, 2016 को किया था। 1 मई, 2016 को यह लागू हो गया। 92 में से 59 सेक्शंस 1 मई, 2016 और बाकी 1 मई, 2017 को अस्तित्व में आए। 6 महीने के भीतर केंद्र व राज्य सरकारों को अपने नियमों को केंद्रीय कानून के तहत नोटिफाई करना था।