दैनिक भास्कर हिंदी: नागपुर हवाई अड्‌डे पर उतरेगा वंदे भारत मिशन का तीसरा विमान, अंतरराष्ट्रीय उड़ानों को अब तक हरी झंडी नहीं

June 22nd, 2020

डिजिटल डेस्क, नागपुर। मंगलवार रात रूस के मॉस्को से भारतीयों को लाया जाएगा। कोरोना दुनियाभर के देशों को अपनी चपेट में ले चुका है, जिससे ज्यादातर जगह का काम ठप्प पड़ा हुआ है। ऐसे में भारत से अन्य देशों में पढ़ाई, व्यवसाय आदि काम के लिए जाने वाले लोग भी वहां फंसे हुए है। पढ़ाई और काम पहले ही रुके हैं, जबकि वहां रहने पर बेवजह का खर्चा अलग से वहन करना पड़ रहा है। ऐसे लोगों को वहां से निकालने का काम भारत सरकार का वंदे भारत मिशन के तहत किया जा रहा है। जानकारी के अनुसार रूस के मॉस्को से भारतीय लोगों को नागपुर लाया जाएगा। इन लोगों को एयर इंडिया का विमान संतरानगरी के डॉ.बाबासाहब आंबेडकर अंतरराष्ट्रीय विमानतल नागपुर पर लेकर पहुंचेगा। मॉस्को से आने वाले लोगों की संख्या 160 बताई जा रही है। मॉस्को से नागपुर आने वाला यह दूसरा विमान है। इसके पहले 17 जून को भी 145 विद्यार्थियों को नागपुर लाया गया था। विशेष बात यह है कि पिछले दिनों ही रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने रूस के मॉस्को में भेंट दी है। ऐसे में वहां फंसे भारतीय लोगों पर विशेष ध्यान देने की संभावना भी जताई जा रही है।

दोहा, शारजहां की उड़ानों की कटौती के संकेत

भले ही अब तक नागर विमानन निदेशालय (डीजीसीए) ने अब तक अंतरराष्ट्रीय कमर्शियल उड़ानों को अनुमति नहीं दी है लेकिन संतरानगरी आने वाली अंतरराष्ट्रीय उड़ानों में कटौती के संकेत दिखाई पड़ रहे है। नागपुर आने वाली दोहा और शारजहां की उड़ानों को कम करने की बात सामने आई है। हालांकि फिलहाल अंतरराष्ट्रीय उड़ानों को डीजीसीए की अनुमति ना होने की वजह से कोई भी बोलने को तैयार नहीं है। जानकारी के अनुसार कतर एयरवेज की उड़ान नागपुर से दोहा नियमित रूप से उड़ान थी। सप्ताह में 7 उड़ानों को जुलाई से 4 उड़ान करनी की जानकारी सामने आ रही है। ठीक उसी प्रकार एयर अरेबिया एयरवेज की सप्ताह मंे 4 उड़ानों को 2 उड़ान करने की बात कही जा रही है। पिछले सप्ताह बताया गया था कि उड़ान जुलाई से आरंभ होने वाली है। इस वजह से नागपुर से 3 जुलाई से उड़ान की बात सामने आ रही है। वहीं, दूसरी ओर 15 जुलाई से भी अंतरराष्ट्रीय उड़ान को आरंभ करने की बात कही जा रही है। हालांकि अंतरराष्ट्रीय उड़ान का सारा मामला डीजीसीए की अनुमति पर टिका हुआ है।

अंतरराष्ट्रीय उड़ान इसलिए जरुरी

नागपुर से दोहा और शारजहां की अंतरराष्ट्रीय इसलिए भी जरुरी है क्योंकि वह यूएसए और यूके की कनेक्टिविटी ही नहीं देती है बल्कि पश्चिमी देशों की एक बड़ी कनेक्टिविटी है। अंतरराष्ट्रीय कनेक्टिविटी ना होने की स्थिति में यात्रियों को दिल्ली अौर मुंबई के अलावा हैदराबाद जाना पड़ता है। फिलहाल हैदराबाद की उड़ान ना होने की वजह से सिर्फ दिल्ली और मुंबई का विकल्प रहेगा।