दैनिक भास्कर हिंदी: पाकिस्तान : हिंदू छात्रा की मौत की न्यायिक जांच के लिए टर्म ऑफ रिफरेंस जारी

September 30th, 2019

कराची, 30 सितम्बर (आईएएनएस)। पाकिस्तान के सिंध प्रांत के लरकाना में संदिग्ध हालात में मृत पाई गई हिंदू छात्रा नम्रता कुमारी की मौत के मामले की जांच के लिए सिंध सरकार ने टर्म ऑफ रिफरेंस जारी कर दिए हैं।

पाकिस्तानी मीडिया में प्रकाशित रिपोर्ट के अनुसार, सिंध सरकार के गृह विभाग के सेक्शन अफसर (न्यायिक) ने इस मामले में लरकाना के जिला एवं सत्र न्यायाधीश को पत्र लिखकर कुमारी की मौत के मामले की न्यायिक जांच के लिए टर्म ऑफ रिफरेंस का उल्लेख किया है।

इसमें कहा गया है कि न्यायिक जांच में इस बात को देखा जाए कि छात्रा की मौत की वजह क्या है, यह खुदकुशी है या कुछ और? दूसरा बिंदु यह दिया गया है कि जांच में यह देखा जाए कि इस घटना में किसी व्यक्ति या व्यक्तियों के किसी समूह की कोई भूमिका थी या नहीं? तीसरी बात इसमें यह कही गई है कि सत्र न्यायाधीश इस बात का सुझाव दें कि मामले में आगे कौन से कानूनी कदम उठाए जाने चाहिए।

इससे पहले प्रांतीय सरकार ने जिला एवं सत्र न्यायाधीश से मामले की जांच के लिए कहा था लेकिन टर्म ऑफ रिफरेंस का खुलासा नहीं किया था। न्यायाधीश ने भी कहा था कि वह मामले की जांच तब तक नहीं करेंगे जब तक उन्हें इस बारे में सिंध हाईकोर्ट द्वारा नहीं कहा जाएगा। सिंध हाईकोर्ट की तरफ से जांच को हरी झंडी दिए जाने के बाद मामले में न्यायिक जांच का रास्ता साफ हुआ।

लरकाना के शहीद मोहतरमा बेनजीर मेडिकल विश्वविद्यालय के बीबी आसिफा डेंटल कॉलेज की अंतिम वर्ष की छात्रा नम्रता कुमारी 16 सितम्बर को अपने कमरे में मृत मिली थी। विश्वविद्यालय प्रशासन ने अंदेशा जताया कि मामला खुदकुशी का हो सकता है। शुरुआती पोस्टमार्टम रिपोर्ट में भी यही संकेत दिया गया। लेकिन छात्रा के घरवालों ने साफ कहा कि यह मामला आत्महत्या नहीं बल्कि हत्या का है। छात्रा के विशाल नाम के भाई खुद डॉक्टर हैं और उन्होंने कहा था कि वह कह सकते हैं कि मामला हत्या का है।