US-Israel Iran War: 'दोनों देशों को एक मैसेज भी पहुंचाया...' मिडिल ईस्ट के संघर्ष पर पाकिस्तान के विदेश मंत्री ने ईरान और अमेरिका को लेकर किया बड़ा दावा

डिजिटल डेस्क, इस्लामाबाद। पाकिस्तान ने मिडिल ईस्ट में जारी संघर्ष को शांत करने को लेकर बड़ा बयान जारी किया है। विदेश मंत्री इशाक डार ने 26 मार्च, 2026 को कहा कि अमेरिका और ईरान के बीच अप्रत्यक्ष शांति के मुद्दे पर चर्चा जारी है। इसी के साथ दोनों देशों को एक मैसेज भी पहुंचाया गया है। बता दें कि पाकिस्तान की यह प्रतिक्रिया ऐसे समय पर आई है, जब अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप कई बार सीजफायर वाले समझौते पर अपनी बात रख चुके हैं। वहीं, हर बार ईरान इसे नकारते हुए आया है। डार ने आगे बताया कि इस मध्यस्थता में तुर्किए और मिस्र देश भी शामिल है।
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मध्यस्थता पर क्या बोला पाकिस्तान?
पाकिस्तानी विदेश मंत्री का कहना है, "अमेरिका ने शांति समझौते से जुड़ी 15 शर्तें शेयर की हैं, जिस पर ईरान विचार कर रहा है। तुर्किए और मिस्र के अलावा भी कई ऐसे देश हैं, जो मध्यस्थता की इस पहले का समर्थन कर रहे हैं।" उन्होंने यह बयान ऐसे समय पर दिया है, जब हाल ही में पाकिस्तान ने इस जंग को बातचीत के जरिए शांत करने की मध्यस्थता करने की बात कही गई थी।
ट्रंप ने पाकिस्तान के दावे पर दी प्रतिक्रिया
इससे पहले पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने कहा था कि उनकी सरकार इस पूरे जंग के समाधान करने के लिए प्रयास करने को तैयार है। वहीं, अमेरिकी राष्ट्रपति ने उनके इस बयान को सोशल मीडिया पर शेयर किया है, इस वजह से इसे और बल मिला है। हालांकि, इस बयान में उन्होंने यह साफ नहीं किया कि ट्रंप प्रशासन इसमें हिस्सा लेगा या नहीं। इन संकेतों के बीच ईरान ने उन दावों को खारिज कर दिया है, जिसमें संघर्ष विराम को लेकर मध्यस्थता की चर्चा हो रही है।
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दावे के बाद पाकिस्तानी जहाज को रोका
पाकिस्तान के इस दावे के बाद ईरान की इस्लामिक रेवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने उसके सेलेन नामक एक जहाज को रोक दिया है। उसने यह कार्रवाई समुद्री मार्ग स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में की है। जिसकी वजह संबंधित विभाग ने इजाजत नहीं लेना बताई है। आईआरजीसी ने कहा कि इस जहाज के पास 'लीगल क्लियरेंस' नहीं होने के कारण रोक दिया गया है, क्योंकि इस रास्ते से गुजरने से पहले इजाजत लेने होती है।
Created On :   26 March 2026 7:21 PM IST












