छापेमारी: महाराष्ट्र समेत चार राज्यों में जुपिटर बायो साइंसेज पर छापे, फंड डायवर्जन के अहम दस्तावेज जब्त

महाराष्ट्र समेत चार राज्यों में जुपिटर बायो साइंसेज पर छापे, फंड डायवर्जन के अहम दस्तावेज जब्त
  • महाराष्ट्र में निदेशकों के ठिकानों पर फोकस
  • हाईकोर्ट के निर्देश पर दर्ज हुआ मामला

Mumbai News. केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने यूको बैंक से जुड़े 47.37 करोड़ रुपये के कथित बैंक धोखाधड़ी मामले में बुधवार को महाराष्ट्र, कर्नाटक, तेलंगाना और तमिलनाडु में एक साथ व्यापक छापेमारी की। यह कार्रवाई जुपिटर बायो साइंसेज लिमिटेड, उसके प्रबंध निदेशक, निदेशकों तथा कुछ अज्ञात लोक सेवकों और निजी व्यक्तियों के खिलाफ दर्ज मामले के तहत की गई। तलाशी के दौरान जांच एजेंसी ने बड़ी मात्रा में आपत्तिजनक दस्तावेज और डिजिटल साक्ष्य जब्त किए हैं, जिनमें फंड डायवर्जन से जुड़े महत्वपूर्ण रिकॉर्ड भी शामिल हैं।

महाराष्ट्र में निदेशकों के ठिकानों पर फोकस

सीबीआई की टीमों ने चारों राज्यों में कंपनी से जुड़े आवासीय और व्यावसायिक परिसरों की तलाशी ली। महाराष्ट्र में कंपनी के निदेशकों से जुड़े ठिकानों पर की गई कार्रवाई को विशेष रूप से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। जांच एजेंसी को यहां से निवेश, वित्तीय लेन-देन और कथित हेराफेरी से जुड़े अहम सुराग मिलने की उम्मीद है।

फर्जी दस्तावेजों के जरिए हासिल की बैंक सुविधा

यूको बैंक, हैदराबाद की शिकायत के आधार पर दर्ज एफआईआर के अनुसार, आरोपियों ने बैंक से क्रेडिट सुविधाएं प्राप्त करने के लिए फर्जी और मनगढ़ंत प्रोफार्मा इनवॉइस प्रस्तुत किए। इसके अलावा गिरवी रखी गई संपत्तियों की वास्तविक कीमत से कहीं अधिक दर्शाने वाली फर्जी मूल्यांकन रिपोर्ट भी बैंक के समक्ष पेश की गई। इन कथित अनियमितताओं के कारण बैंक को 47.37 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ।

हाईकोर्ट के निर्देश पर दर्ज हुआ मामला

यह मामला तेलंगाना उच्च न्यायालय के निर्देश के बाद 29 जून 2026 को दर्ज किया गया था। सीबीआई अब जब्त किए गए दस्तावेजों और डिजिटल साक्ष्यों की गहन जांच कर रही है ताकि धन के प्रवाह, कथित फंड डायवर्जन और पूरे नेटवर्क में शामिल अन्य व्यक्तियों की भूमिका का पता लगाया जा सके। एजेंसी ने कहा है कि मामले की जांच जारी है और आगे और खुलासे होने की संभावना है।

Created On :   15 July 2026 9:54 PM IST

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